#IndiaFightsCorona COVID-19
MoHFW के अनुसार सुधर रही है COVID-19 की स्थिति
कोरोनावायरस से लड़ने में लॉकडाउन (lockdown) को प्रभावी बनाने के प्रयास
प्रधानमंत्री मोदीजी ने जारी की COVID Warriors पर नई वेबसाइट
पीएम मोदीजी ने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में की घोषणा
आईए जानते है कोविड-19 योद्धाओं की वेबसाइट जारी करने पर PM मोदी ने क्या कहा
कोरोना वायरस को ध्यान में रखकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी ने रविवार को 'मन की बात' कार्यक्रम के दौरान एक खास वेबसाइट को लॉन्च किया है। इस वेबसाइट का नाम ‘कोविड वॉरियर्स डॉट जीओवी डॉट इन' है। इस वेबसाइट के जरिए सामाजिक संगठन, स्थानीय प्रशासन के लोग और सिविल सोसायटी के प्रतिनिधि एक-दूसरे के साथ जुड़े रह सकेंगे।
उन्होंने कहा कि इस अभियान में जरूरतमंद लोगों की मदद के लिये डॉक्टर, नर्स, राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस), आशा कर्मी और सामाजिक कार्यकर्ता तथा अनगिनत वॉलेंटियर सेवा भाव के साथ आगे आ रहे हैं। उन्होंने देशवासियों से ‘कोविड वॉरियर' बनने की अपील करते हुए इस पोर्टल से जुड़ने का आह्वान किया।
देखतें हैं क्या खास है इस वेबसाइट में?
http://covidwarriors.gov.in वेबसाइट को खोलनें पर तीन स्लाईडे दिखेंगी।
1. पहली स्लाईड पर आरोग्य सेतु मोबाइल एप्प के बारे में जानकारी है। इस पर क्लिक करने से ये वेबसाइट mygov.in/covid-19 पर चली जाएगी । वहाँ कोरोनावायरस से जुड़ी सभी जानकारी, हेल्पलाइन नंबर और आंकड़े मिल जाएंगे।
2. दूसरी स्लाइड पर सरकार द्वारा लोगों की मदद करने वाली फोटो गैलरी है।
3. तीसरी स्लाइड पर STAY HOME STAY SAFE लिखा है।
कोविड वॉरियर्स साइट पर क्या जानकारी मिलेगी?
मंगलवार को चौथे एम्पावर्ड ग्रुप के अध्यक्ष बताया कि कोविड-19 के लिए मानव संसाधन और क्षमता निर्माण में वृद्धि के लिए http://covidwarriors.gov.in नामक पोर्टल में हेल्थकेयर पेशेवरों और स्वयंसेवकों का एक मास्टर डेटाबेस बनाया गया है। अब तक, इसमें विभिन्न प्रकार के 1.25 करोड़ मानव संसाधनों का विवरण आ गया है। उन्होंने कहा कि 20 श्रेणियों और 49 उप-श्रेणियों में कोरोना योद्धाओं का विवरण, जो कोविड-19 प्रबंधन प्रयासों में योगदान कर सकते हैं, पोर्टल पर राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए उपलब्ध हैं। इस डाटा बेस में डॉक्टरों, अस्पतालों, रेलवे अस्पतालों के कर्मचारी, एक्स सर्विसमैन, फार्मेसी के कर्मचारी, आयुष विभाग के कर्मचारी, लैब के कर्मचारी, एनसीसी और पंचायत सचिव इत्यादि की जानकारी मौजूद है, जो इस समय कोरोना वायरस से लड़ रहे हैं।
कौन कितना डाटा देख पाएगा
इसमें जिला और राज्य स्तरीय कॉर्डिनेटर्स के नंबर और डिटेल्स है। कुछ व्यक्तिगत स्तर का का डाटा सिर्फ जिला मजिस्ट्रेट और म्युनिसिपल बॉडीज़ और राज्य सरकारों के अधिकारी ही देख पाएंगे । बाकी जो डाटा है वो सभी लोग देख सकते हैं। उन्होंने कहा कि यह डाटा बेस ऐसे सभी कोरोना योद्धाओं को मदद करेगा जो स्वयंसेवकों, सामाजिक रोकथाम, रोकथाम क्षेत्रों में आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति और क्षेत्र निगरानी जैसी निवारक गतिविधियों में शामिल हैं।
कोविड योद्धा स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा के लिये सरकार सजग
प्रधानमंत्री ने स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिये हाल ही में जारी अध्यादेश को जरूरी कदम बताते हुए कहा, ‘देश भर में स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े लोगों ने, अभी हाल ही में जो अध्यादेश लाया गया है, उस पर अपना संतोष व्यक्त किया है। इस अध्यादेश में, कोरोना योद्धाओं के साथ हिंसा, उत्पीड़न और उन्हें किसी रूप में चोट पहुचाने वालों के खिलाफ़ बेहद सख्त़ सज़ा का प्रावधान किया गया है।
कोरोना वायरस की वर्तमान स्थिति कैसी है?
MoHFW की वेबसाइट के अनुसार भारत में कोरोना वायरस के कुल संक्रमितों की संख्या 27,892 हो गई है। 20,835 संक्रमित मरीजों का इलाज चल रहा है । अब तक इस वायरस से 872 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 6,185 लोग स्वस्थ्य होकर अपने घर लौट गए हैं।
विश्वभर में कुल 29,95,152 संक्रमितों में 2,07,008 मौतें हुई हैं जब कि 8,81,510 लोग ठीक होकर घर जा चुके हैं ।
संत रामपाल जी के भक्तों को अपने गुरुदेव से सदैव सेवा कार्यों में अग्रणीय रहने की शिक्षा मिली है। “एक साहेब की बंदगी और भूखों को कछु देय” के सिद्धांत का पालन करते हुए पिछली परंपराओं की भांति कोरोनावायरस वैश्विक महामारी के समय में भक्त रात दिन सेवा के कार्यों में लगे हैं।
• नेत्रहीन लोगों को लॉकडाउन खत्म होने तक भोजन कराने की ली जिम्मेदारी
• असहाय लोगों को भोजन
• सरकारी और गैर संस्थाओं को भंडारे के सामान की मदद
कोरोनावायरस के लिए आध्यात्मिक समाधान
पाप कर्मों के बढ़ जाने के कारण पूरे विश्व में महामारी आई है । पाप कर्मों को केवल पूर्ण ब्रह्म कबीर साहेब द्वारा दिए गए सतनाम को गुरु शिष्य परंपरा में वर्तमान तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज से ग्रहण करने से काटा जा सकता है - “जबही सतनाम हृदय धरो भयो पाप को नाश, जैसे चिनगी अग्नि की पड़ी पुराने घास“।
संत रामपाल जी ने अपने प्रवचन में कहा है – “सतगुरु शरण में आय से आइ बला टल जाय ,जो मस्तक में सूली हो, कांटे में टल जाय”।
उपरोक्त पंक्ति का अर्थ है कि सच्चे तत्त्वदर्शी संत की शरण में होने से पापों के ढेर धूल में बदल जाते हैं। संत रामपाल जी द्वारा दिए गए उदाहरण के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति की मृत्यु होना तय है, तो उसे मरने के बजाय मामूली चोट होगी।
MoHFW के अनुसार सुधर रही है COVID-19 की स्थिति
कोरोनावायरस से लड़ने में लॉकडाउन (lockdown) को प्रभावी बनाने के प्रयास
प्रधानमंत्री मोदीजी ने जारी की COVID Warriors पर नई वेबसाइट
पीएम मोदीजी ने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में की घोषणा
आईए जानते है कोविड-19 योद्धाओं की वेबसाइट जारी करने पर PM मोदी ने क्या कहा
कोरोना वायरस को ध्यान में रखकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी ने रविवार को 'मन की बात' कार्यक्रम के दौरान एक खास वेबसाइट को लॉन्च किया है। इस वेबसाइट का नाम ‘कोविड वॉरियर्स डॉट जीओवी डॉट इन' है। इस वेबसाइट के जरिए सामाजिक संगठन, स्थानीय प्रशासन के लोग और सिविल सोसायटी के प्रतिनिधि एक-दूसरे के साथ जुड़े रह सकेंगे।
उन्होंने कहा कि इस अभियान में जरूरतमंद लोगों की मदद के लिये डॉक्टर, नर्स, राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस), आशा कर्मी और सामाजिक कार्यकर्ता तथा अनगिनत वॉलेंटियर सेवा भाव के साथ आगे आ रहे हैं। उन्होंने देशवासियों से ‘कोविड वॉरियर' बनने की अपील करते हुए इस पोर्टल से जुड़ने का आह्वान किया।
देखतें हैं क्या खास है इस वेबसाइट में?
http://covidwarriors.gov.in वेबसाइट को खोलनें पर तीन स्लाईडे दिखेंगी।
1. पहली स्लाईड पर आरोग्य सेतु मोबाइल एप्प के बारे में जानकारी है। इस पर क्लिक करने से ये वेबसाइट mygov.in/covid-19 पर चली जाएगी । वहाँ कोरोनावायरस से जुड़ी सभी जानकारी, हेल्पलाइन नंबर और आंकड़े मिल जाएंगे।
2. दूसरी स्लाइड पर सरकार द्वारा लोगों की मदद करने वाली फोटो गैलरी है।
3. तीसरी स्लाइड पर STAY HOME STAY SAFE लिखा है।
कोविड वॉरियर्स साइट पर क्या जानकारी मिलेगी?
मंगलवार को चौथे एम्पावर्ड ग्रुप के अध्यक्ष बताया कि कोविड-19 के लिए मानव संसाधन और क्षमता निर्माण में वृद्धि के लिए http://covidwarriors.gov.in नामक पोर्टल में हेल्थकेयर पेशेवरों और स्वयंसेवकों का एक मास्टर डेटाबेस बनाया गया है। अब तक, इसमें विभिन्न प्रकार के 1.25 करोड़ मानव संसाधनों का विवरण आ गया है। उन्होंने कहा कि 20 श्रेणियों और 49 उप-श्रेणियों में कोरोना योद्धाओं का विवरण, जो कोविड-19 प्रबंधन प्रयासों में योगदान कर सकते हैं, पोर्टल पर राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए उपलब्ध हैं। इस डाटा बेस में डॉक्टरों, अस्पतालों, रेलवे अस्पतालों के कर्मचारी, एक्स सर्विसमैन, फार्मेसी के कर्मचारी, आयुष विभाग के कर्मचारी, लैब के कर्मचारी, एनसीसी और पंचायत सचिव इत्यादि की जानकारी मौजूद है, जो इस समय कोरोना वायरस से लड़ रहे हैं।
कौन कितना डाटा देख पाएगा
इसमें जिला और राज्य स्तरीय कॉर्डिनेटर्स के नंबर और डिटेल्स है। कुछ व्यक्तिगत स्तर का का डाटा सिर्फ जिला मजिस्ट्रेट और म्युनिसिपल बॉडीज़ और राज्य सरकारों के अधिकारी ही देख पाएंगे । बाकी जो डाटा है वो सभी लोग देख सकते हैं। उन्होंने कहा कि यह डाटा बेस ऐसे सभी कोरोना योद्धाओं को मदद करेगा जो स्वयंसेवकों, सामाजिक रोकथाम, रोकथाम क्षेत्रों में आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति और क्षेत्र निगरानी जैसी निवारक गतिविधियों में शामिल हैं।
कोविड योद्धा स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा के लिये सरकार सजग
प्रधानमंत्री ने स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिये हाल ही में जारी अध्यादेश को जरूरी कदम बताते हुए कहा, ‘देश भर में स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े लोगों ने, अभी हाल ही में जो अध्यादेश लाया गया है, उस पर अपना संतोष व्यक्त किया है। इस अध्यादेश में, कोरोना योद्धाओं के साथ हिंसा, उत्पीड़न और उन्हें किसी रूप में चोट पहुचाने वालों के खिलाफ़ बेहद सख्त़ सज़ा का प्रावधान किया गया है।
कोरोना वायरस की वर्तमान स्थिति कैसी है?
MoHFW की वेबसाइट के अनुसार भारत में कोरोना वायरस के कुल संक्रमितों की संख्या 27,892 हो गई है। 20,835 संक्रमित मरीजों का इलाज चल रहा है । अब तक इस वायरस से 872 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 6,185 लोग स्वस्थ्य होकर अपने घर लौट गए हैं।
विश्वभर में कुल 29,95,152 संक्रमितों में 2,07,008 मौतें हुई हैं जब कि 8,81,510 लोग ठीक होकर घर जा चुके हैं ।
संत रामपाल जी के भक्त बनें कोविड वॉरियर्स
संत रामपाल जी के भक्तों को अपने गुरुदेव से सदैव सेवा कार्यों में अग्रणीय रहने की शिक्षा मिली है। “एक साहेब की बंदगी और भूखों को कछु देय” के सिद्धांत का पालन करते हुए पिछली परंपराओं की भांति कोरोनावायरस वैश्विक महामारी के समय में भक्त रात दिन सेवा के कार्यों में लगे हैं।
• नेत्रहीन लोगों को लॉकडाउन खत्म होने तक भोजन कराने की ली जिम्मेदारी
• असहाय लोगों को भोजन
• सरकारी और गैर संस्थाओं को भंडारे के सामान की मदद
कोरोनावायरस के लिए आध्यात्मिक समाधान
पाप कर्मों के बढ़ जाने के कारण पूरे विश्व में महामारी आई है । पाप कर्मों को केवल पूर्ण ब्रह्म कबीर साहेब द्वारा दिए गए सतनाम को गुरु शिष्य परंपरा में वर्तमान तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज से ग्रहण करने से काटा जा सकता है - “जबही सतनाम हृदय धरो भयो पाप को नाश, जैसे चिनगी अग्नि की पड़ी पुराने घास“।
संत रामपाल जी ने अपने प्रवचन में कहा है – “सतगुरु शरण में आय से आइ बला टल जाय ,जो मस्तक में सूली हो, कांटे में टल जाय”।
उपरोक्त पंक्ति का अर्थ है कि सच्चे तत्त्वदर्शी संत की शरण में होने से पापों के ढेर धूल में बदल जाते हैं। संत रामपाल जी द्वारा दिए गए उदाहरण के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति की मृत्यु होना तय है, तो उसे मरने के बजाय मामूली चोट होगी।

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